देश में महाराष्ट्र के साथ इन राज्यों पर भी बाढ़ का प्रकोप, कर्नाटक के 7 जिलों में रेड अलर्ट

देश में महाराष्ट्र के साथ इन राज्यों पर भी बाढ़ का प्रकोप, कर्नाटक के 7 जिलों में रेड अलर्ट
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टीआरपी डेस्क। महाराष्ट्र में गुरुवार शाम से लेकर अब तक बारिश का कहर जारी है। से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में 136 लोगों की मौत हो चुकी है। बुरी तरह प्रभावित ठाणे, रायगढ़, रत्नागिरी, सतारा, सांगली और कोल्हापुर जिलों से 8 हजार से ज्यादा लोगों को NDRF, नेवी और आर्मी ने रेस्क्यू किया है। 200 से ज्यादा गांवों का प्रमुख इलाकों से संपर्क टूट गया है।

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गोवा से सटे महाराष्ट्र के इलाकों में अगले दो दिन बारिश का रेड अलर्ट है। यहां 6 जिलों में NDRF की 18 टीमों को तैनात किया गया है। 8 टीमें अलर्ट पर हैं। 2 टीमें रायगढ़ में शुक्रवार को हुई लैंड स्लाइड वाली जगह पर रेस्क्यू में जुटी हैं। इसके अलावा रायगढ़ में नेवी और कोल्हापुर, रत्नागिरी में आर्मी की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

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कर्नाटक के इन जिलों में रेड अलर्ट जारी 

महाराष्ट्र के अलावा बारिश का कहर अब देश के अन्य राज्यों में भी देखने को मिल रहा है। बता दें, कर्नाटक में पिछले 24 घंटों में भारी वर्षा हुई। कई इलाकों में बाढ़ आ गई। तीन लोगों की मौत की खबर है। दो लापता हैं। कम से कम 8 जगहों पर भूस्खलन हुआ है। बाढ़ प्रभावित इलाकों से 9,000 से अधिक लोगों को निकाला जा चुका है। वहीं कई जिलों में भारी बारिश की भविष्यवाणी की जा रही है। कई जिलों में पहले से ही बाढ़ की स्थिति है। उडुपी, उत्तर कन्नड़ और दक्षिण कन्नड़ के साथ-साथ दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, चिकमगलुरु, हसन, कोडागु और शिवमोग्गा के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है।

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बिहार में कोसी नदी के तेज बहाव टूटा बांध

वहीं बिहार के सुपौल में कोसी नदी के तेज बहाव से सिकरहट्टा-मझारी बांध शुक्रवार को टूट गया। बाढ़ का पानी दर्जनों गांव में घुस गया। डीएम, एसपी और विभाग के चीफ इंजीनियर मौके पर कैंप कर रहे हैं। लोग NH-57 पर शरण लिए हुए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, बांध का जो हिस्सा टूटा वहां कई दिनों से दबाव बना हुआ था, लेकिन जलसंसाधन विभाग ने ध्यान नहीं दिया। RJD के पूर्व विधायक यदुवंश यादव ने आरोप लगाया कि विभाग ने इसे जान बूझकर तोड़ा है ताकि काम के नाम पर लूट की जा सके।

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गोवा में भी भारी बारिश

गोवा में वहीं शुक्रवार को भारी बारिश की वजह से सड़कें और पुल पानी में डूब गए। यहां दशकों बाद बाढ़ आई है। इससे करोड़ों की संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। 400 से अधिक लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है। लैंडस्लाइड और नदी के उफान से दो ट्रेनें भी पटरी से उतर गईं। यहां अगले अगले तीन दिन तक भारी बारिश का अनुमान है।

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