Directives to curb paddy smuggling: छत्तीसगढ़ में इस साल धान की खरीदी 15 नवंबर 2026 से शुरू होने जा रही है। खाद्य सचिव रीना कंगाले ने सभी कमिश्नर, कलेक्टर और MD मार्कफेड को इस संबंध में विस्तृत निर्देश जारी किए हैं। इस बार खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी रखने और पड़ोसी राज्यों से धान की तस्करी रोकने पर विशेष फोकस रहेगा।
खाद्य विभाग को आशंका है कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के दौरान सीमावर्ती राज्यों से अवांछित व्यक्तियों द्वारा धान लाकर प्रदेश के पंजीकृत किसानों के रकबे में खपाने/बेचने का प्रयास किया जा सकता है। इससे पूरी धान खरीदी व्यवस्था पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा।
इसके अलावा गांव और शहरों में सक्रिय कोचिये-बिचौलिये भी चिल्हर रूप से धान खरीदकर किसानों के पंजीयन में खपाने की कोशिश कर सकते हैं। कुछ मिलर और धान परिवहनकर्ता द्वारा भी धान के पुनर्चक्रण (रिसाइक्लिंग)*का प्रयास करने की संभावना है।
विशेष चेकिंग दल का गठन – हर जिले में निगरानी टीम
निर्देश के मुताबिक जिले में कलेक्टर द्वारा विशेष चेकिंग दल का गठन किया जाएगा। इस दल में राजस्व, खाद्य, मंडी, सहकारिता, फॉरेस्ट, परिवहन सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी शामिल होंगे। यह दल नियमित रूप से निरीक्षण कर अन्य राज्यों से धान की आवक पर नजर रखेगा और अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई करेगा।
273 चेक पोस्ट पर कड़ी निगरानी – संख्या बढ़ाने के भी निर्देश
प्रदेश में विभिन्न स्थानों पर स्थापित 273 चेक पोस्ट पर निगरानी कड़ी की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर चेक पोस्ट की संख्या बढ़ाई भी जा सकती है। सीमावर्ती जिलों में विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है।
बिना अनुमति नहीं होगा आयात
खरीफ वर्ष 2026-27 में 15 नवंबर 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक अन्य राज्यों से धान का आयात संचालक खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति की अनुमति से ही हो सकेगा।
हालांकि सुपर फाइन किस्म का धान जो 3300 रुपये प्रति क्विंटल से अधिक लागत का हो, उसके आयात के लिए संचालक की अनुमति लेना जरूरी नहीं है, लेकिन आयातक को इसकी सूचना जिला खाद्य अधिकारी/खाद्य नियंत्रक को देना अनिवार्य होगा।
कोचियों-बिचौलियों की होगी पहचान
मंडी अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि धान खरीदी शुरू होने से पहले ही गांव और शहरी इलाकों में चिल्हर रूप से धान खरीदने वाले कोचियों-बिचौलियों का चिन्हांकन कर लिया जाए। इसकी जानकारी नजदीकी समिति और खाद्य विभाग को दी जाए।
यदि ये कोचिये-बिचौलिये समिति में धान लाकर दूसरे किसानों के पंजीयन में खपाने का प्रयास करते पाए गए तो उनका वाहन और धान जब्त कर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q1. प्रदेश में धान खरीदी कब से शुरू होगी?
खरीफ 2026-27 में 15 नवंबर 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक समर्थन मूल्य पर धान खरीदी होगी।
Q2. धान आयात पर क्या नियम है?
15 नवंबर से 30 अप्रैल तक अन्य राज्यों से धान आयात के लिए संचालक खाद्य की अनुमति जरूरी है, 3300 रु/क्विंटल से महंगे सुपर फाइन धान पर छूट है लेकिन सूचना देना जरूरी है।
Q3. तस्करी रोकने के लिए क्या व्यवस्था की गई है?
273 चेक पोस्ट पर निगरानी, विशेष चेकिंग दल का गठन, कोचियों-बिचौलियों का चिन्हांकन और वाहन-धान जब्ती की कार्रवाई का निर्देश दिया गया है।



