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Navratri 2026: शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर से, जानिए क्यों इस बार 9 नहीं पूरे 10 दिन का होगा महापर्व

Navratri 2026: शारदीय नवरात्र इस साल 11 अक्टूबर से शुरू होंगे। प्रतिपदा तिथि से मां भगवती की आराधना शुरू होगी और इसी दिन कलश स्थापना की जाएगी। खास बात यह है कि इस बार नवरात्र नौ नहीं, बल्कि दस दिन के होंगे। अष्टमी तिथि की वृद्धि होने की वजह से यह स्थिति बन रही है। […]

Shardiya Navratri 2026 Date Muhurat
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य

Navratri 2026: शारदीय नवरात्र इस साल 11 अक्टूबर से शुरू होंगे। प्रतिपदा तिथि से मां भगवती की आराधना शुरू होगी और इसी दिन कलश स्थापना की जाएगी। खास बात यह है कि इस बार नवरात्र नौ नहीं, बल्कि दस दिन के होंगे। अष्टमी तिथि की वृद्धि होने की वजह से यह स्थिति बन रही है। महाअष्टमी का व्रत 18 अक्टूबर को होगा, जबकि 20 अक्टूबर को विजयादशमी मनाई जाएगी।

उत्थान ज्योतिष एवं आध्यात्म संस्थान के निदेशक पं. दिवाकर त्रिपाठी पूर्वांचली ने बताया कि नवरात्र में अष्टमी तिथि की वृद्धि हो रही है। इसी वजह से इस बार पर्व दस दिनों का माना जा रहा है।

11 अक्टूबर से शुरू होंगे नवरात्र

नवरात्र 11 अक्टूबर को प्रतिपदा तिथि से शुरू होंगे। इस दिन मां भगवती के पहले स्वरूप माता शैलपुत्री का पूजन-अर्चन किया जाएगा। प्रतिपदा तिथि सूर्योदय से लेकर रात 8:37 बजे तक रहेगी। कलश स्थापना के लिए अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:36 बजे से दोपहर 12:24 बजे तक रहेगा। इस दिन चित्रा नक्षत्र रहेगा। दी गई जानकारी के मुताबिक, इस नक्षत्र में कलश स्थापना निषेध मानी जाती है। इसलिए कलश स्थापना अभिजीत मुहूर्त में की जा सकती है।

17 अक्टूबर को सप्तमी

पं. दिवाकर त्रिपाठी पूर्वांचली के अनुसार, सप्तमी तिथि का मान 17 अक्टूबर को रहेगा। यह तिथि सूर्योदय से लेकर रात 5:53 बजे तक व्याप्त रहेगी। 17 अक्टूबर को पूजा पंडालों में देवी की मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। इस बार माता के हाथी पर सवार होकर आने की बात कही गई है। इसे अच्छा संकेत माना जाता है। वहीं माता का गमन मूर्ग पर होगा। इसे अशांति के तौर पर माना जाता है। मान्यता के अनुसार, इस दिन लोगों में अशांति व्याप्त रहेगी।

18 अक्टूबर को महाअष्टमी

अष्टमी तिथि इस बार दो दिन मनाई जाएगी। महाअष्टमी का व्रत 18 अक्टूबर को किया जाएगा। इसी दिन निशा पूजा भी होगी। अष्टमी तिथि के व्रत का पारण 19 अक्टूबर को सुबह 7:55 बजे के बाद किया जाएगा।

19 अक्टूबर से कन्या पूजन

नवमी तिथि में कन्या पूजन 19 अक्टूबर को सुबह 7:55 बजे के बाद से किया जा सकेगा। यह 20 अक्टूबर को सुबह 9:35 बजे से पहले तक किया जाएगा। नवरात्र के नौवें दिन का व्रत 20 अक्टूबर को सुबह 9:35 बजे तक नवमी तिथि व्याप्त होने की वजह से किया जाएगा। इसके बाद दशमी तिथि शुरू हो जाएगी।

20 अक्टूबर को ही विजयादशमी

20 अक्टूबर को सुबह नवमी तिथि का मान रहेगा। इसके बाद दशमी तिथि शुरू होगी। दोपहर में श्रवण नक्षत्र युक्त दशमी होने के कारण इसी दिन विजयादशमी का पर्व मनाया जाएगा। इसी तिथि क्रम और अष्टमी की वृद्धि के कारण इस साल शारदीय नवरात्र दस दिनों का माना जा रहा है।

5 FAQs

1. शारदीय नवरात्र 2026 कब से शुरू होंगे?

शारदीय नवरात्र 11 अक्टूबर 2026 को प्रतिपदा तिथि से शुरू होंगे।

2. इस बार नवरात्र 10 दिन के क्यों होंगे?

अष्टमी तिथि की वृद्धि होने की वजह से इस बार नवरात्र दस दिनों का माना जा रहा है।

3. कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त कब है?

11 अक्टूबर को कलश स्थापना का अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:36 बजे से दोपहर 12:24 बजे तक रहेगा।

4. महाअष्टमी का व्रत कब रखा जाएगा?

महाअष्टमी का व्रत 18 अक्टूबर को किया जाएगा। इसी दिन निशा पूजा भी होगी।

5. 2026 में विजयादशमी कब मनाई जाएगी?

20 अक्टूबर को विजयादशमी मनाई जाएगी। दोपहर में श्रवण नक्षत्र युक्त दशमी होने के कारण इसी दिन दशहरा होगा।

Deeksha Mishra
लेखक / पत्रकार:

Deeksha Mishra

विशेष संवाददाता (Special Correspondent)

वरिष्ठ न्यूज़ रिपोर्टर, The Rural Press

The Rural Press के लिए निष्पक्ष और निर्भीक रिपोर्टिंग।

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