Raipur News: कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और अमन साव गैंग के नाम पर धमकी देकर 25 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में शोएब ढेबर की दोबारा गिरफ्तारी का रास्ता साफ हो गया है।
मामले में पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई को कोर्ट ने सही माना है। जानकारी के मुताबिक आरोपी के कहने पर उसके दोस्त को गिरफ्तारी की सूचना दी गई थी। अदालत ने पुलिस की कार्रवाई को उचित मानते हुए शोएब ढेबर की दोबारा गिरफ्तारी का आदेश दिया है। इसके बाद अब पुलिस की कार्रवाई आगे बढ़ने का रास्ता साफ हो गया है।
धमकी में इस्तेमाल मोबाइल और सिम की तलाश
पुलिस के सामने इस मामले में सबसे बड़ी चुनौती उस सिम और मोबाइल फोन को बरामद करना है, जिनका इस्तेमाल कथित तौर पर धमकी देने के लिए किया गया था। जांच एजेंसियां तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने में जुटी हैं कि धमकी देने के लिए इस्तेमाल किए गए नंबर और उपकरण तक किस तरह पहुंच बनाई गई।
तकनीकी जांच में सामने आया शोएब का नंबर
पुलिस के अनुसार तकनीकी जांच के दौरान शोएब ढेबर से जुड़ा एक मोबाइल नंबर सामने आया है। पुलिस का दावा है कि इस नंबर से शोएब ने अपनी पत्नी, पिता और अन्य रिश्तेदारों समेत करीब 200 लोगों से बातचीत की है। पूछताछ के दौरान अधिकांश लोगों ने इस नंबर को शोएब का बताया है।
वर्चुअल नंबर को इंटरनेट उपलब्ध कराने की जांच
पुलिस की जांच में यह भी सामने आने की बात कही जा रही है कि शोएब के नंबर से एक वर्चुअल नंबर को इंटरनेट उपलब्ध कराया गया था। अब पुलिस इसी कड़ी को धमकी वाले मामले से जोड़कर जांच कर रही है। जांच का अहम बिंदु यह है कि कथित वर्चुअल नंबर का इस्तेमाल किस व्यक्ति ने किया और धमकी देने के लिए इसका इस्तेमाल कैसे हुआ।



